कठिन दान 6 प्रकार से सीमित Viewers(1)
कठिन दान 6 प्रकार से सीमित है
1. काल से सीमित - वर्षावास समाप्त होने के बाद 1 महीने के भीतर ही देना होता है।
2. दान के प्रकार से सीमित - यह केवल संघ-दान के रूप में ही दिया जाता है, किसी एक भिक्खु या भिक्खुनी को व्यक्तिगत रूप से नहीं दे सकते।
3. अवसर से सीमित - एक विहार में एक वर्ष में केवल 1 बार ही कठिन ले सकते हैं।
4. पात्र से सीमित - कठिन लेने वाले भिक्खु / भिक्खुनी को उसी विहार में पूरे 3 महीने का वर्षावास करना अनिवार्य है और संघ में कम से कम 5 रूप होने चाहिए।
5. कार्य से सीमित - कठिन चीवर दुस्स लेने के बाद उसी दिन अरुणोदय से पहले ही काटने, सीने और रंगने का कठिनत्थार कर्म पूरा करना होता है।
6. चीवर के चुनाव से सीमित - भिक्खु के 3 चीवरों में से 1 और भिक्खुनी के 5 चीवरों में से 1 को ही कठिन के लिए अधिट्ठान कर सकते हैं।
By Paramattha Dhamma Sikkhaya Foundation
Comments